भास्कर न्यूज़ –
संवाददाता बरेली –
रायबरेली के विकास भवन में अखिल भारतीय किसान महासभा के नेतृत्व में दो दिवसीय धरना प्रदर्शन शुरू हो गया है। किसान सई रघुनाथपुर पंप कैनाल को शारदा सहायक पोषक नहर से जोड़ने की मांग कर रहे हैं।
धरने के पहले दिन किसान महासभा के राही ब्लॉक अध्यक्ष सुनील कुमार ने किसानों को संबोधित किया। उन्होंने बताया कि सई रघुनाथपुर पंप कैनाल को शारदा नहर से जोड़कर सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराने की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन इसे लगातार अनसुना किया जा रहा है।
कुमार ने कहा कि पानी का स्रोत पास होने के बावजूद सूखी नदी से पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे हजारों बीघा जमीन असिंचित रह गई है और किसानों के सामने भुखमरी का संकट खड़ा हो गया है। उन्होंने यह भी बताया कि लघु डाल खंड लखनऊ के सहायक अभियंता ने 2022 में ही जलापूर्ति में असमर्थता व्यक्त की थी।
खेग्रामस के जिला सहसंयोजक उदय राज यादव ने कहा कि किसान वर्षों से अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सिंचाई खंड रायबरेली किसानों की उचित मांग को ‘गोलमोल’ जवाब देकर खारिज कर रहा है।
यादव ने सुझाव दिया कि शारदा सहायक पोषक नहर से जोड़ने की प्रक्रिया में लघु डाल खंड के ढांचे में परिवर्तन की जटिलता का बहाना बनाने के बजाय, यदि प्रभावित किसानों को पानी उपलब्ध कराने की इच्छा से योजना बनाई जाए, तो शारदा सहायक पोषक नहर से पलिया (भाव) के पास से निकलने वाली सूखी माइनर को पानी देकर कुचरिया, झकरासी, भदोखर सहित बड़े असिंचित क्षेत्र के किसानों को लाभ पहुंचाया जा सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि वर्तमान में इस नहर से भी दो-तिहाई सिंचित क्षेत्र वंचित है, जिससे दर्जनों गांवों में पानी नहीं पहुंच पा रहा है और बड़े क्षेत्र में सिंचाई के पानी का गंभीर अभाव है।