बारात का इंतजार करता रहा लड़की का परिवार…दूल्हा हुआ फरार

लखनऊ – शाम 7 बजे बारात आनी थी। हम इंतजार कर रहे थे। 5 बजे समधी का फोन आया। उन्होंने कहा -सुबह 11 बजे बेटा टेलर की दुकान पर कपड़ा लेने गया था। अभी तक नहीं लौटा। हम बारात लेकर नहीं आएंगे। मेहंदी लगाकर बैठी बेटी बार-बार यही पूछ रही थी कि आखिर बारात क्यों नहीं आई। मेरी इज्जत मिट्‌टी में मिल गई।

यह कहते हुए रिटायर कर्मचारी चुन्नीलाल शर्मा फफक पड़े। मैरिज गार्डन में दिखाते हुए बोले-देखो, मंडप में अंधेरा है। कुर्सियां खाली हैं। मेज पर रखा खाना ठंडा हो चुका है। परिवार के लोग बेसुध बैठे हैं। बेटी के आंसू नहीं रुक रहे। वह रोते-रोते तीन बार बेहोश हो गई।

Related posts

मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत फर्रुखाबाद में 703 जोड़ों के विवाह का लक्ष्य, आवेदन शुरू

सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, कायमगंज में परिवार नियोजन कैम्प का सफल आयोजन, 14 महिलाओं की सफल नसबन्दी

बाढ़ राहत कंट्रोल रूम की खुली पोल! कई बार फोन करने पर भी नहीं मिला जवाब, मौके पर भी नहीं मिले जिम्मेदार